सिलेक्शन कमिटी - सौरव गांगुली की बात =आगरकर खुश

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सौरव गांगुली. BCCI के प्रेसिडेंट हैं. BCCI इस वक्त इंडियन सीनियर क्रिकेट टीम के लिए सिलेक्टर्स की भर्ती कर रही है. इस सिलसिले में कई लोगों ने अप्लाई किया है. इससे पहले 31 जनवरी को BCCI ने क्रिकेट एडवाइजरी कमिटी (CAC) की नियुक्ति की है. इसमें पूर्व क्रिकेटर्स मदन लाल, आरपी सिंह और सुलक्षणा नायक शामिल हैं. यह कमिटी नेशनल सिलेक्टर्स के खाली हुए दो पदों के लिए इंटरव्यू करेगी.

मौजूदा चीफ सिलेक्टर MSK प्रसाद का कार्यकाल सितंबर, 2019 में ही खत्म हो गया. हालांकि उन्हें अगला विकल्प मिलने तक काम जारी रखने को कहा गया है. प्रसाद के साथ गगन खोड़ा की सीट भी खाली हो रही है. इधर सिलेक्शन कमिटी के चीफ को लेकर BCCI चीफ सौरव गांगुली ने नई बात बोली है. उन्होंने हिंदुस्तान टाइम्स से बात करते हुए कहा कि पांच लोगों की कमिटी में सबसे ज्यादा मैच खेला टेस्ट क्रिकेटर ही चेयरमैन बनेगा, सबसे पहले भारत के लिए खेला क्रिकेटर नहीं.

 क्या कहता है संविधान

गौरतलब है कि अभी तक इस मसले पर भ्रम की स्थिति थी. BCCI संविधान का एक खास क्लॉज कहता है कि ‘कमिटी के सदस्यों में सबसे सीनियर टेस्ट प्लेयर को चेयरमैन बनाया जाएगा.’ सिलेक्शन कमिटी की दो जगहों के लिए अजित आगरकर, लक्ष्मण शिवरामकृष्णन, वेंकटेश प्रसाद, राजेश चौहान, नयन मोंगिया, चेतन चौहान, निखिल चोपड़ा और अभय कुरुविला जैसे पूर्व क्रिकेटर्स ने अप्लाई किया है.

BCCI संविधान के मुताबिक, अगर शिवरामकृष्णन का सिलेक्शन होता है तो वह कमिटी का चेयरमैन बनने के लिए ऑटोमेटिक चॉइस होंगे. साल 1983 में भारत के लिए डेब्यू करने वाले शिवरामकृष्णन ने नौ टेस्ट मैच खेले हैं. हालांकि गांगुली के इस बयान के बाद अब प्रसाद (33 टेस्ट) और आगरकर (26 टेस्ट) की लगभग बराबरी की दावेदारी बनती है. प्रसाद पहले ही जूनियर सिलेक्शन कमिटी में 18 महीने काम कर चुके हैं. संविधान के मुताबिक, वह पूरे चार साल के टर्म के योग्य नहीं हैं. ऐसे में गांगुली के इस बयान से अजित आगरकर को सबसे ज्यादा फायदा होता दिख रहा है.

 जोन पर कितना ध्यान?

नए सिलेक्टर्स के चुनाव में एक पेच और है. लोग सवाल कर रहे हैं कि क्या BCCI जोन के आधार को पीछे छोड़ सिलेक्शन कमिटी की नियुक्ति करेगी? दरअसल वेस्ट जोन से अभी जतिन परांजपे सिलेक्शन कमिटी में हैं. इसके चलते क्या मुंबई के अजित आगरकर के सिलेक्शन का कोई चांस नहीं है?

BCCI के नए संविधान के मुताबिक, CAC को नए सिलेक्टर्स का चुनाव करना है. एक साल के कार्यकाल वाली नई CAC में कोई चेयरमैन नहीं है. इस कमिटी के सबसे सीनियर सदस्य 1983 वर्ल्ड कप विनर टीम में रहे मदन लाल हैं. 68 साल के हो चुके लाल ने भारत के लिए 1974 से 1987 तक 39 टेस्ट और 67 वनडे मैच खेले हैं. इसके अलावा वह 1996-97 में भारतीय टीम के कोच भी रहे थे. साल 2000-01 में वह सिलेक्शन कमिटी में भी थे.